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ज्वालामुखी क्या है और इससे सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारी

ज्वालामुखी क्या है -
Written by Vinod Pant

आज हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से ज्वालामुखी क्या है और इससे सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारी  के बारें में बताएँगे |

ज्वालामुखी क्या है और इससे सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारी-

मुख्य रूप से ज्वालामुखी पृथ्वी के अन्दर वह  स्थान है , जहाँ पृथ्वी के काफी नीचे पिघली चट्टान , जिसे मैग्मा के नाम से जाना जाता है ,को पृथ्वी के सतह के उप्पर ले आता है | जब मैग्मा पृथ्वी के सतह के उप्पर आता है तो वो लावा कहलाता है | ज्वालामुखी से सम्बंधित अनेक जानकारी हम आपको नीचे बता रहे है –

ज्वालामुखी से सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ –

  1. किसी भी ज्वालामुखी को जीवित तब मन जाता है जब उसमें उपस्थित लावा और गैस बहार आने लगते है |
  2. जब तक किसी ज्वालामुखी से लावा और गैस नहीं निकलते है तो उसे निष्क्रिय ज्वालामुखी माना जाता है | निष्क्रिय ज्वालामुखी आने वाले समय में कभी भी सक्रिय है | जब कोइ ज्वालामुखी दस हजार वर्षों तक सक्रिय नहीं होता है तो , उसे मृत ज्वालामुखी  कहा जाता है |
  3. किसी भी ज्वालामुखी से कितना विस्फोट हो सकता है ये सब उसके मैग्मा के उत्सर्जन गति , मैग्मा में निहित गैस की उत्सर्जन गति पर निर्भर करता है | मैग्मा  में काफी ज्यादा मात्रा में जल और कार्बनडाइआंक्साइड पाया जाता है |
  4. मैग्मा पृथ्वी की साथ से बहुत जल्दी उप्पर आता है और उप्पर आने के बाद अपने वर्तमान आकार से  कई गुना बड़ा हो जाता है
  5. ज्वालामुखी कई प्रकार के ही सकते है |

ज्वालामुखी के प्रकार –

ज्वालामुखी मुख्य रूप से ती प्रकार के होते है –

शील्ड ज्वालामुखी –

जब मैग्मा बहुत गर्म होता है और बहुत तेजी से पृथ्वी से बहार आने लगता है तो इससे बिस्फोट सामान्य होता है | इस ज्वालामुखी से निकलने वाला मैग्मा बहुत अधिक मात्रा में होता है | इसमें लावा आराम से बहता है जिस कारण से ये ज्वालामुखी के मुँह पर एक निश्चित तरह से जम जाता है | इस तरह के ज्वालामुखी के मैग्मा का तापमान लगभग 800 से 1200 डिग्रीसेंटीग्रेड के मध्य हो सकता है |

सम्मिश्रित (कंपोजिट) ज्वालामुखी –

इस ज्वालामुखी को स्त्रातो के नाम से भी जाना जाता है |  इस ज्वालामुखी से एक तरह का विस्फोट होता है | इस ज्वालामुखी से निकलने वाले मैग्मा का तापमान जब थोडा कम हो जाता है तब ये जमने लगता है | इसके जमने के कारण इसके अन्दर मौजूद गैस आसानी से बहार नहीं निकल पाती जिस कारण भूमि से निकलने वाला मैगमा बहुत तेजी के साथ बहार आने लगता है और विस्फोट हो जाता है | इस ज्वालामुखी के लावा का तापमान 800 से 1000 डिग्रीसेंटीग्रेड के मध्य हो सकता है |

काल्डेरा ज्वालामुखी –

इस तरह के ज्वालामुखी से भी एक अलग तरह का विस्फोट होता है जिससे इसके लावा का अधिकांश ज्वालामुखी के मुख पर जैम जाता है , जिससे ज्वालामुखी का आकार एक बेसिन की तरह हो जाता है | इस ज्वालामुखी से निकलने वाला लावा बहुत चिपचिपा होता है . इसका लावा अन्य ज्वालामुखी के अपेक्षा काफी ठंडा होता है | इस ज्वलामुखी से निकलने वाला लावा का तापमान 650 से 800  डिग्रीसेंटीग्रेड के मध्य हो सकता है |

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विशव के पाँच प्रसिद्ध ज्वालामुखी –

माउंट  विसुवियस –

ये ज्वालामुखी इटली में स्तिथ है , ये ज्वालामुखी का आकार कोन के आकार का होता है | इस ज्वालामुखी को 79 ई के विस्फोट के लिए जाना जाता है , जिसमे लाखों लोगों की मृत्यु  हो गयी थी | जब इस ज्वालामुखी से विस्फोट होता है तो इससे भारी मात्र  में वोल्कानिक गैस , पत्थर और राख जमीं से लगभग 33 किलोमीटर उप्पर तक उड़ते है |  ये ज्वालमुखी प्रशांत महासागर के अग्निकुंड के अंतर्गत आता है | ये ज्वलामुखी इस समय दुनिया का सबसे खतरनाक ज्वालामुखी है , क्योकि इसके आस – पास लगभग 30 लाख लोग निवास करते है | इस ज्वालामुखी की उंचाई लगभग 1281 मीटर है | इस ज्वालामुखी में आखरी बार विस्फोट सन 1944 में हुवा था |

माउंट प्ली –

माउंट प्ली को 20 वीं सदी का सबसे खतरनाक ज्वालामुखी विस्फोट माना जाता है |  इसमें आखरी बार विस्फोट सन 1902 में हुवा था | ये मार्टिनिक और कैरिब्बियन के एक आयरलैंड पर स्तिथ थी | इसमें 1902 में हुए विस्फोट के दौरान तीस हजार लोगों की मृत्यु हो गयी थी | इसकी उंचाई लगभग 1,397 मीटर है | ये फ़्रांस में स्तिथ एक कंपोजिट ज्वालामुखी है जिसका निर्माण प्य्रोक्लास्टिक चट्टानों  के पिघलने से हवा था |

माउंट क्राकटोआ-

ये ज्वालामुखी एक कंपोजिट ज्वालामुखी है , जो इंडोनेशिया में स्तिथ है | सन 1883 में इसमे एक विस्फोट हुवा था जिसमें विस्फोट के साथ – साथ सुनामी भी आ गयी थी  , इसमें करीब 35,000 लोगों की मृत्यु भी हो गयी थी | इसकी उंचाई लगभग 813 मीटर है | ऐसा मन जाता है की जब इस ज्वालामुखी से विस्फोट हुवा था तो इससे बहुत ज्यादा आवाज निकली थी , और आज तक किसी भी ज्वालामुखी के विस्फोट से इतनी आवाज नहीं निकली है |

माउंट तंबोरा –

ये ज्वालामुखी इंडोनेशिया के 100+ज्वालामुखी में से एक है | इएमें सन 1815 में हुए विस्फोट में बहत बुरा प्रभाव पड़ा था | इसकी उंचाई लगभग 2227 मीटर थी | सन 1815 में इसमें हुए विस्फोट में इसके आस – पास के क्षेत्रों में फसल का विस्फोट भी रुक गया था , कई जगहों पर तो मौसम में भी प्रवर्तन देखने को मेले थे | इस ज्वालामुखी से हुए विस्फोट में करीब 90, 000 लोगों की मृत्यु हो गयी थी |

भारत के ज्वालामुखी –

भारत में मौजूद मुख्य ज्वालामुखी के बारें में हम आपको नीचे बता रहे है –

बारेन आइलैंड-

ये ज्वालामुखी अंडमान सागर में स्थित है , यहाँ पर दक्षिण एशिया का एक मात्र ज्वालामुखी देखने को मिलता है | इस ज्वालामुखी में विस्फोट 1787 में देखा गया था | आखिर बार इस ज्वालामुखी में विस्फोट फरबरी 2018 में हुवा था | इस ज्वालामुखी की उंचाई 353 मीटर है |

नार्कदम आईलेंड –

ये भी अंडमान सागर में स्तिथ एक छोटा सा आईलेंड है | जिसकी समुद्र ताल से उंचाई 710 मीटर है | इस आईलेंड का क्षेत्रफल 7.63 किलोमीटर है | इस पर स्थित ज्वालामुखी की उंचाई 710 मीटर है |

डेक्कन ट्रैप्स-

डेक्कन पठार पर स्थित ये प्रान्त ज्वालामुखी के लिए अनुकूल है | यहाँ पर कई साल पहले विस्फोट देखा गया था |

बरतंग आईलेंड –

इस आईलेंड पर ‘मड वोल्कानो ‘ पाया गया है | इस पर अंतिम बार ज्वालामुखी सन 2003 में देखा गया था |

धिनोधर हिल्स –

ये गुजरात में स्तिथ है , ये ज्यादातर मृत ज्वालामुखी के लिए प्रसिद्ध है . इस पर पायी जाने वाली मृत ज्वालामुखी की उंचाई 386 मीटर है |

दोषी हिल –

ये हरियाणा में स्तिथ है | इस पर मृत ज्वालामुखी देखी गयी है  | इस मृत ज्वालामुखी की उंचाई 540 मीटर है |

अंतिम राय –

आज हमने आपको इस आर्टिकल के माध्यम से ज्वालामुखी क्या है के बारें में अनेक जानकारी दी जैसे – ज्वालामुखी से सम्बंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ , ज्वालामुखी के प्रकार , विशव के प्रसिद्ध ज्वालामुखी , भारत के प्रसिद्ध ज्वालामुखी आदि |

हम आशा करते है की आज हमने आपको इस आर्टिकल के माध्यम से जो भी जानकरी दी , वो जानकारी आपको पसंद आई होगी | आज आपने इस आर्टिकल के माध्यम से जो भी जानकारी हासिल की उसे आप अपने तक ही सिमित नहीं रखे , बल्कि उसे दूसरों तक भी पहुंचाएं |

आपको यह लेख कैसा लगा नीचे comment कर के जरुर बताइए अगर अभी भी कोई सवाल आप पूछना चाहते हो तो निचे Comment Box में जरुर लिखे | और कोई सुझाव देना चाहते हो तो भी जरुर दीजिये |  अगर अभी तक आपने हमारे Blog को  Subscribe नहीं किया  हैं तो जरुर Subscribe करें | जय हिंद, जय भारत, धन्यवाद |

 

 

 

 

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