जीवन परिचय

भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय

भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय
Written by Jagdish Pant

दोस्तों आज हम आपको भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय के बारे में महत्वपूर्ण जानकरी देने का प्रयास करेंगे| भारत में भीम राव अम्बेडकर बड़े ही लोकप्रिय और समाजसुधारक थे आज हम आपको भीम राव अम्बेडकर के बारे में अघिक से अघिक जानकारी देने का प्रयास करेंगे

भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय

भीम राव अम्बेडकर को बाबा साहेब के नाम से भी जाने जाते हैं भीम राव अम्बेडकर ने भारतीय सविधान में महत्वपूर्ण योगदान दिया था| उनका जन्म 18 अप्रैल 1891 को मध्य प्रदेश के एक छोटे से गांव में हुआ था| उनके पिता का नाम रामजी मालोजी सकपाल और माता का नाम भीमाबाई था।  वह अपने माता पिता की 14वी सन्तान थी  उन्होंने अपना पूरा जीवन गरीबों और दलितों के लिए समर्पित कर दिया था

भीम राव अम्बेडकर का प्रारम्भिक जीवन

भीमराव अम्बेडकर के पिता आर्मी में सूबेदार थे उनके जन्म के बार पूरा परिवार महाराष्ट्र के सतारा में आ गया| कुछ दिनों के बाद उनकी माँ का भी देहान्त हो गया था| जिसके बाद उनके पिता ने दूसरी शादी  कर ली थी और बाम्बे आ गये थे इसके बाद भीम राव अम्बेडकर की आगे की पढाई बाम्बे में शुरू की  जिसके बाद 1906 में 15 साल की आयु में उनका विवाह रमाबाई से हो गया था

भीम राव अम्बेडकर की शिक्षा

1908 में 12वी की परीक्षा पास  की | भीमराव अम्बेडकर छुआ छात के बड़े कट्टर विरोधी थे कई बार  वह भी छुआ छात का शिकार हुई थे स्कूल की पढाई पूरी करने के बाद भीम राव अम्बेडकर आगे की पढाई के लिए बॉम्बे एल्फिंस्टन कॉलेज में दाखिला ले लिया था वह पढाई में बहुत ही अच्छे थे इसके साथ ही उन्होंने राजनीति विझान और अर्थशास्त्र की पढाई पूरी की

भीमराव अम्बेडकर ने  मराठी और अंग्रेजी में औपचारिक शिक्षा की डिग्री प्राप्त की | इसके बाद आगे की पढाई के लिए वह इग्लैंड चले गए थे इस बार उन्होंने अपनी पढाई का खर्च खुद ही उठाया|

इसके बाद उन्हें लन्दन में डीएससी अवार्ड से सम्मानित किया गया|  इसके बाद भीमराव अम्बेडकर इकोनोमिक की पढाई ले लिए जर्मनी चले गये थे

भीम राव अम्बेडकर का दूसरा विवाह

उनकी पत्नी रमाबाई की लम्बी बीमारी के चलते 1935 में देहान्त हो गया था|  जिसके बाद 1940 में भारतीय सविधान को पूरा करने के दौरान वह नींद की कमी से पीड़ित थे,  और उनके पैरों में न्यूरोपैथिक दर्द था, इस बीमारी का इलाज करने के लिए वह बॉम्बे में डॉक्टर शारदा कबीर से मिले, इसके साथ ही डॉक्टर के रूप में उन्हें एक नया जीवन साथी मिल गया| इसके बाद सन 15 अप्रैल 1948 में दूसरी शादी की

ताजमहल का इतिहास और रोचक तथ्य

संत नामदेव की जीवनी

कलिंजर किले का इतिहास

श्री रामकृष्ण परमहंस की जीवनी

रहीम का जीवन परिचय (Biography of Rahim )

मुन्शी प्रेमचन्द का जीवन परिचय

रामनाथ कोविंद का जीवन परिचय

Chandrashekhar Azad Biography in Hindi (चंद्रशेखर आज़ाद का जीवन परिचय)

क़ुतुब मीनार का इतिहास (Qutub Minar History In Hindi)

वी शांता राम का इतिहास एवं जीवन परिचय

जगदीश चन्द्र बोस का जीवन परिचय एवं इतिहास

भीम राव अम्बेडकर द्वारा बनाई गई फिल्में

भीमराव आम्बेडकर के जीवन एवं विचारों पर कई फिल्में बनी हैं, जो निम्नलिखित है

  • भीम गर्जना – मराठी फिल्म (१९९०
  • बालक आम्बेडकर – कन्नड फिल्म (१९९१)
  • युगपुरुष डॉ॰ बाबासाहेब आम्बेडकर – मराठी फिल्म 
  • डॉ. बाबासाहेब आम्बेडकर – सन २००० की अँग्रेजी फिल्म
  • डॉ. बी.आर. आम्बेडकर – कन्नड फिल्म (२००५)
  • रायजिंग लाइट – 2006 में बनी डॉक्युमेंट्री फिल्म
  • रमाबाई भीमराव आम्बेडकर – आम्बेडकर की पत्नी रमाबाई के जीवन पर आधारित मराठी फिल्म। (२०१०
  • शूद्रा: द राइझिंग – आम्बेडकर को समर्पित हिंदी फिल्म (२०१०)
  • अ जर्नी ऑफ सम्यक बुद्ध – हिंदी फिल्म (२०१३), जो आम्बेडकर के भगवान बुद्ध और उनका धम्म ग्रन्थ पर आधारित है।
  • रमाबाई – कन्नड फिल्म (२०१६)
  • बोले इंडिया जय भीम – मराठी फिल्म, हिंदी में डब (२०१६)
  • बाल भिमराव – २०१८ की मराठी फिल्म

भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय

भीम राव अम्बेडकर का राजनीति जीवन

अम्बेडकर ने सन 1936 में स्वतंत्र मजदूर पार्टी का गठन किया| इसी के साथ अम्बेडकर ने1937  का विधान सभा चुनाव  लड़ा और  15 सीटों में जीत मिली  इस जीत के साथ उन्होंने अपनी पार्टी ओल इण्डिया शिडयुल कास्ट में बदल दिया| इसके बाद  सन 1946 में सविधान सभा का चुनाव  फिर से लड़ने के  लिए तैयार थे  लेकिन उनके लिए यह चुनाव ख़राब ही रहा

पुस्तकें और मोनोग्राफ

भीम राव अम्बेडकर ने राजनिती, अर्थशास्त्र, मानवविज्ञान, धर्म, समाजशास्त्र, कानून, कृषि आदी क्षेत्रों में किताबें लिखी हैं जो निम्नलिखित हैं

  • आइडिया ऑफ ए नेशन
  • द अनटचेबल
  • फिलॉसॉफी ऑफ हिंदुइजम
  • सोशल जस्टिस एंड पॉलिटिकल सेफगार्ड ऑफ डिप्रेस्ड क्लासेज
  • गांधी एंड गांधीइज्म
  • बुद्धिस्ट रेवोल्यूशन एंड काउंटर-रेवोल्यूशन इन एनशिएंट इंडिया
  • द डिक्लाइन एंड फॉल ऑफ बुद्धिइज्म इन इंडिया

सविधान का गठन

भीमराव आम्बेडकर सविधान गठन के चेयरमैन थे  उन्होंने देश में विभिन्न जातियों को जोड़ने के लिए पुलिया का काम किया| उन्होंने सभी के अघिकारो की बात की

Books and Monograph

  • सन 1917, 1925 में उन्होंने द एवोल्यूशन ऑफ़ प्रोविंशियल फिनांसेज़ इन ब्रिटिश इंडिया  पुस्कत का प्रकाशन किया
  • सन 1923 में उन्होंने दी प्राब्लम आफ दि रुपी: इट्स ओरिजिन एंड इट्स सॉल्यूशन का प्रकाशन किया 
  • सन मई 1936 में उन्होंने अनाइहिलेशन ऑफ कास्ट्स 
  • सन 1936 मेंफेडरेशन वर्सेज़ फ्रीडम 
  • इसके बाद सन 1940 में पाकिस्तान और द पर्टिशन ऑफ़ इण्डिया / थॉट्स ऑन पाकिस्तान 
  • सन 1943 में रानडे, गांधी एंड जिन्नाह (रानडे, गांधी और जिन्नाह) 
  • सन 1946 में भारतीय संविधान में परिवर्तन हेतु कैबिनेट मिशन के प्रस्तावों का, अनुसूचित जनजातियों (अछूतों) पर उनके असर के सन्दर्भ में दी गयी समालोचना
  • सन 1955 में थॉट्स ऑन लिंगुइस्टिक स्टेट्स: राज्य पुनर्गठन आयोग के प्रस्तावों की समालोचना पुस्कत का प्रकाशन किया 

भीम राव अम्बेडकर की मृत्यु

भीम राव अम्बेडकर अपने सेहत से बहुत ही परेशान रहने लगे उन्हें अनेक बीमारीयों ने घोर लिया था फिर 6 दिसम्बर 1956 को उनकी मृत्यु हो गई थी उन्होंने  अपने जीवन को बैघ्य मान लिया था इसी कारण से उनका अंतिम संस्कार बैघ्य तरीके से हुआ

भीम राव अम्बेडकर की जयंती 14 अप्रैल को मनाई जाती हैं और इस दिन को नेशनल होलिडे घोषित किया जाता हैं इस दिन सभी सरकारी और प्राइवेट विघालय बंद होते हैं

अंतिम राय

दोस्तों आज हमने आपको भीम राव अम्बेडकर का जीवन परिचय, भीम राव अम्बेडकर का प्रारम्भिक जीवन, भीम राव अम्बेडकर का दूसरा विवाह, भीम राव अम्बेडकर द्वारा बनाई गई ,फिल्में , भीम राव अम्बेडकर का राजनीति जीवन, भीम राव अम्बेडकर की मृत्यु ,के बारे में अधिक से अधिक जानकारी देनें का प्रयास किया हैं मुझे पूर्ण आशा हैं की आपको यह आर्टिकल पसन्द आया होगा

आपको यह लेख कैसा लगा  निचे comment कर के जरुर  बताइए अगर अभी भी  कोई सवाल आप पूछना चाहते हो तो निचे Comment Box में जरुर लिखे| और कोई सुझाव देना चाहते हो तो भी जरुर दीजिये| हमारे Blog को अभी तक अगर आप Subscribe नहीं किये हैं तो जरुर Subscribe करें| जय हिंद, जय भारत, धन्यवाद |

 

About the author

Jagdish Pant

Leave a Comment

%d bloggers like this: