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Linux क्या है, इसका इतिहास और फायदे

Linux क्या है, इसका इतिहास और फायदे
Written by Vinod Pant

hello दोस्तों funfreak में आपका स्वागत है .

दोस्तों क्या आप जानते है की Linux क्या है, और हम इसका इस्तेमाल कहा कर सकते है . अगर आप  Linux क्या है के  बारे में जानते है तो ये अच्छी  बात है , अगर आप  Linux क्या है के बारें में नहीं जानते है तो कोइ बात नहीं , आज मैं आपको  Linux क्या है , हम Linux इस्तेमाल  कहां कर सकते है ,Linux  के इतिहास और फायदे के बारें में अनेक महत्वपूर्ण जानकारी देने का प्रयास करूँगा .

Linux की बात करें तो Linux  को आये हुए करीब 30 साल हो गए है , करीब 90 के दशक में Linux  हमारे बीच में है . तबी से अपनी  उपयोगिता के कारण इसने लगभग सभी device पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है शायद आगे भी Linux की ये पकड़ जारी रहेगी . जो लोग पहले Linux operating system का इस्तेमाल कर चुके है शायद वो जानते होंगे की Linux  की क्या  है . लेकिन जो लोग अभी तक  Linux  के  बारें में नहीं जानते ही उन्हें में बता दू की Linux को प्राय: सभी device में यूज़ किया जाता है  . लगभग -लगभग सभी internet के servers में भी Linux का इस्तेमाल किया जाता है . Stock exchanges  में भी Linux का प्रयोग किया जाता है .

लिनक्स क्या है (Linux Operating System in Hindi)

Linux क्या है

Linux की बात करें तो Linux , UNIX operating System का एक बहुत ही popular version है. इसकी  source code internet में freely available है इसी कारण ये एक open source सॉफ्टवेर है . Linux  पूरी तरह से free है .  Linux को UNIX की compatibility के द्वारा  designed किया गया था. जिस कारण इसकी functionality list unix से काफी मिलती जुलती है .  Linux Os open source होने के कारण इसे developers अपने जरुरत के अनुसार customize कर सकते हैं. Linux कंप्यूटर के लिए भी reliable Operating system है .

लिनक्स का मालिक कौन है-

Linux की licensing open source है जिस कारन लिनक्स हर किसी के लिए फ्री है . “Linux” नाम का trademark उसके creator, Linus Torvalds को ही जाता है. “Linux” नाम का trademark उसके creator, Linus Torvalds को ही जाता है.

कैसे हुयी Linux की शुरुवात-

Linux को Linus Torvalds  (जब वे University of Helsink में university student थे ) ने 1991 में बनाया था . Torvalds ने Linux को एक free और Minix Os का open source alternative के तौर  पर बनाया था, जो की एक दूसरा Unix clone था और इसे मुख्य रूप से academic settings में इस्तमाल किया जाता था.

Linux System के Components-

Linux Operating System के प्रमुख  रूप से तीन components होते हैं.

Kernel

System Library

3System Utility

kernel-

Kernel Linux का core part होता  operating system में जितने भी major activities होती है ये उन सभी के लिए responsible  रहता है . इसमें कई अन्य दुसरे  modules मौजोद रहते है . और ये underlying hardware के साथ directly interact करती हैं. system or application programs तक Kernel low-level hardware details की  सारी जानकारी को kernel ही रोकता है . अगर सरल शब्दों में कहे तो कर्नेल abstraction के तरह व्यहार करता है .

System Library-

System libraries उन special functions या programs  को कह सकते है जिनका यूज़ कर हम  application programs या system utility Kernel के features को access कर सके . system Library libraries operating system के प्राय सभी functionalities को implement करती हैं . और इन्हें ऐसा करने के लिए kernel module’s code access rights की भी जरुरत नहीं पड़ती है.

 System Utility –

दुसरे specialized, और individual level tasks करने के लिए उत्तरदायी प्रोग्राम को  system utility कहते है .

Linux Operating System के Basic Features

अब में आपको Linux system के basic features के बारें में आपको बताऊंगा

Portable –

ये सॉफ्टवेर सभी तरह के हार्डवेयर में  सामान रूप से कार्य करता है ,  Linux kernel और application programs प्राय सभी Hardware platform support करते हैं.

Open Source

Linux source code फ्री में उपलब्ध है और ये एक community-based development project है. Multiple teams collaboration करके काम करते हैं जिससे Linux operating system की capacity को enhance किया जा सके, si कारण से ये हमेशा evolve होता रहा है .

Multi-User –

Linux एक multiuser system है , अगर सरल शब्दों में बात करें तो  multiple users एक ही समय में इसके सभीLinux resources जैसे की memory/ ram/ application programs को  यूज़ करता है .

Multiprogramming −

इसका मतलब ये है की Linux में जितने भी multiple applications है वो एक ही समय में एक ही साथ  रन कर सकते है .

Hierarchical File System −

Linux एक standard file structure प्रदान करती है जिससे system files/ user files को आसानी से arranged किया जा सके.

Shell −

Linux एक special interpreter program भी देता है जिसका इस्तेमाल operating system के commands को execute करना होता है , इसका इस्तेमाल  किसी अन्य दूसरी application को  operations, call application programs  में भी किया जाता है .

Security –

Linux यूजर को काफी अच्छे सिक्यूरिटी feature भी प्रदान करता है . जैसे password protection/ controlled access कुछ specific files/ यहाँ तक की data encryption.

Linux System का Architecture और उसके अलग लगा Layers

Hardware layer –

इस हार्डवेयर लेयर में peripheral devices (RAM/ HDD/ CPU इत्यादि होते है .

Kernel –

ये Os का core component होता है, जो की hardware के साथ directly interact करता है, इसके साथ ये upper layer components को low-level service प्रदान करता है.

shell –

ये कर्नेल काinterface होता है . ये  Kernel के functions की complexity को users से hide करता है. ये shell users से commands लेते हैं और और kernel’s functions को execute करते हैं.

.  Utilities –

ये उन program को कहा जाता है जो की प्रत्येक  user को operating systems के सभी functionalities provide करती हैं.

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Useful Common Linux Commands-

अगर आप  Linux को पहली बार इस्तेमाल कर रहे है तो आपको  Linux के बारें में जयादा जानकारी नहीं होगी . इसलिए आपको basic common Linux commands के विषय में भी पता होना चाहिए , इसलिए आज मैं आपको लिनक्स कमांड इन हिंदी की list के बारें में बता रहा हु ,ये लिस्ट आगे आपके बहुत काम आने वाली है .

  1. ls : ये current directory content को list कर देगी.
    2. cd : current Directory  को इसकी मद्द से आप चेंज कर सकते है
    3. cat :  इसकी सहायता से आप file content को screen पर display करने  के साथ -साथ  text files को copy और combine भी कर सकते हैं.
    4. history :यहाँ से आप  अपने सभी  executed commands list को screen में देख सकते हैं.
    5. chmod :  file permission को  आप यहाँ से बदल सकते हैं.
    6. chown : इसकी सहायता से आप file owner बदल सकते हैं.
    7. clear : इससे आप fresh start के लिए clear screen कर सकते हैं .
    8. df :  used और available disk space  को आप इसकी मद्द से देख सकते हैं.
    9. date : current system date और time को display  इसकी मद्द से कर सकते है .
    10. du : कोन सी file कितनी जगह यूज हुयी है इसकी जानकारी आप यहाँ से प्राप्त कर सकते है
    11. file :file में मेह्जुद type of data को आप file की सहायता से recognize कर सकते हैं
    12. find:  यहाँ से हम file में कोई भी term search कर सकते हैं.
    13. man : यहाँ से  आप specific command के लिए help display कर सकते हैं.
    14. cp : अगर आप को कोइ  files और folders copy करना है तो आप यहाँ से कर सकते है .
    15. mv : यहाँ से आप files और Directory को rename और move कर सकते हैं. 16. mkdir : इससे आप नया directory create कर सकते हैं.
    17. lpr : कोई भी file content print  आप इसकी मद्द से कर सकते है
    18. less : file content को page by page आप यहाँ से देख सकते है
    19. tar : ई भी file को compress, create और extract tar file यहाँ से किया जा सकता है
    20. grep : यहाँ से  आप एक file में एक string को search कर सकते हैं.
    21. ssh : यहाँ से  आप remote machine के साथ connect और login (encrypted & secure) कर सकते हैं.
    22. su : अगर आप अलग user में switch करना चाहते है तो यहाँ से कर सकते है
    23.empty directory  को आप यहाँ से remove कर सकते है
    24. rm : यहाँ से आप files and directories (empty or non-empty) remove कर सकते हैं.
    25. pwd : यहाँ से  आप current user working directory को display कर सकते हैं.
    26. ps : इसकी मद्द से आप  running process id के साथ और दुसरे information को display करवा सकते हैं.
    27. passwd : इसकी मद्द से आप  user password बदल सकते हैं.
    28. more : इससे कोई भी file page by page display कर सकते हैं.
    29. kill : यहाँ से  आप कोई भी process को उनके process id की मदद से kill कर सकते हैं .
    30. gzip : यहाँ से आप एक compress file with .gz extension create कर सकते हैं.
    31. unzip : इसकी मद्द से आप कोई file को unzip or uncompress कर सकते हैं.
    32. shutdown : यहाँ से आप  machine को shutdown कर सकते हैं.
    33. free : इसका इस्तेमाल आप dhow करने के लिए कर सकते है
    34. top : यहाँ से आप CPU usage के मद्द से  top process को show कर सकते हैं.
    35. who : यहाँ से  आप current user के information को (जो की logged in हो) display कर सकते हैं .
    36. whereis :  यहाँ से आप किसी भी command की location को प्राप्त कर सकते हैं (की वो कहाँ पर stored हैं)
    37. whatis :  यहाँ से आप कोई भी command information एक single line में दिखा सकते हैं.
    38. tail : इसकी मद्द से आप किसी भी file के last ten lines को print करवा सकते हैं.
    39. wget : इसकी मद्द से आप  किसी भी file को internet से download कर सकते हैं, rename कर सकते हैं और कहीं भी store कर सकते हैं.

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Distribution क्या है

आज के समय में Linux operating system के बहुत सारे अलग अलग version उपलब्ध है ,और ये सभी type के users के लिए उपयुक्त है . आज के समय में Users से लेकर Hard core users तक सभी  के लिए Linux के अलग -अलग वर्जन मौजूद है , और इन्ही वर्जन को  version को distributions कहा जाता है . 

 Linux distribution को आसानी से free में download किया जा सकता है . और उसमें disk में burn कर बाद में install भी किया जा सकता है.

नीचे आप कुछ  popular Linux distributions  देख सकते है .

  • Ubuntu Linux
  • Linux Mint
  • Arch Linux
  • Deepin
  • Fedora
  • Debian
  • openSUSE.

उपर्युक्त सभी Distribution अलग अलग features  के साथ मौजूद है आपको भी अपने जरुरत के हिसाब से इसका चुनाव करना चाहिए .

लिनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम का उपयोग(Application of Linux Operating Systems)-

  • TV system में भी Linux का इस्तमाल menu system के लिए होता है .
  • लगभग सभी  Android mobiles Linux platform पर run करती हैं .
  • आज के समय के सभी Internet connection router Linux पर run करते है .
  • जितने भी disk storage system manufacturer है वो सभी भी Linux पर Ran करते है 
  • Web App और Website Hosting भी Linux पर रन करती है .
  • Linux operating system के द्वारा ही सभी internet servers, databases, websites को  चलाया जाता है और  maintain किया जाता है .
  • सारे  Stock exchanges भी Linux के Platforms पर ही चलते हैं.
  • आज के समय में  ATM में भी payment process करने के लिए Linux Os का इस्तमाल होता है.
  • कोई भी Video Game Machine बनाने और dedicated Media Center के लिए भी Linux का इस्तेमाल किया जाता है.

Linux Operating Systems का भविष्य

इस बात में कोइ सक नहीं है की हमारे आने वाले बह्विश्य का ऑपरेटिंग system Linux ही है . हम ऐसा इसलिए कह रहे है क्योकि  प्राय सभी latest technologies के foundation में Linux  ही मौजूद है . इसका एक उदहारण Embedded systems है जिसमें Linux का भरपूर इस्तमाल किया गया है और यहाँ पर  पर Linux को मुख्य रूप से इन applications को create और maintain करने के लिए इस्तमाल किया जाता है

आज के समय में जितने भी बड़े  organizations है वो सभी Operating System के हिसाब से Linux का अधिक प्रयोग कर रेह है . आज Linux में बहुत से बेहतरीन features हैं जिससे इनकी demand दिनबदिन बढती ही जा रही है. इसके साथ कई system admin अपने job profile को windows से Linux operating system में change कर रहे हैं.

अंतिम राय –

आज हमने आपको अपने इस आर्टिकल के माध्यम से Linux का बारें में अनेक महत्वपूर्ण जानकारी दी जैसे –Linux क्या है , हम Linux इस्तेमाल  कहां कर सकते है ,Linux  के इतिहास और फायदे, आदि .

आपको यह लेख कैसा लगा नीचे comment कर के जरुर बताइए अगर अभी भी कोई सवाल आप पूछना चाहते हो तो निचे Comment Box में जरुर लिखे| और कोई सुझाव देना चाहते हो तो भी जरुर दीजिये| हमारे Blog को अभी तक अगर आप Subscribe नहीं किये हैं तो जरुर Subscribe करें| जय हिंद, जय भारत, धन्यवाद |

 

 

 

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Vinod Pant

1 Comment

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